सावन में दिनारा के हनुमान मंदिर में गूंज रहा ‘ॐ नमः शिवाय’, मिट्टी से बन रहा शिव परिवार।

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जितेंद्र जैन जिला शिवपुरी 




समाचार 

सावन में दिनारा के हनुमान मंदिर में गूंज रहा ‘ॐ नमः शिवाय’, मिट्टी से बन रहा शिव परिवार।

अच्छी बारिश, हरियाली, गौ माता और विश्व शांति की कामना लेकर तीसरे वर्ष भी जारी है अनूठी शिव आराधना।

दिनारा। सावन के पवित्र महीने में दिनारा स्थित हनुमान मंदिर परिसर में भगवान शिव की अनूठी आराधना का सिलसिला जारी है। मंदिर में प्रतिदिन मिट्टी से भगवान शिव एवं शिव परिवार की प्रतिमाएं तैयार की जा रही हैं। श्रद्धालु पूरे भक्तिभाव के साथ इन प्रतिमाओं का निर्माण करते हैं और बाद में लगभग चार किलोमीटर की यात्रा निकालकर विधि-विधान से उनका विसर्जन करते हैं। इस धार्मिक आयोजन में महिलाएं और पुरुष श्रद्धालु उत्साहपूर्वक शामिल हो रहे हैं।

मंदिर के पुजारी कल्लू महाराज ने बताया कि शिव परिवार निर्माण और पूजन का यह लगातार तीसरा वर्ष है। सावन के पूरे महीने श्रद्धालु भगवान भोलेनाथ की आराधना में जुटे हुए हैं। भक्त ‘ॐ नमः शिवाय’ का जाप करते हुए मिट्टी से शिवजी, माता पार्वती और शिव परिवार की प्रतिमाएं बनाते हैं। इसके बाद श्रद्धा और उल्लास के साथ विसर्जन यात्रा निकाली जाती है।

अच्छी बारिश और हरियाली के लिए विशेष प्रार्थना।

कल्लू महाराज ने बताया कि इस धार्मिक आयोजन का उद्देश्य केवल व्यक्तिगत मनोकामनाओं की पूर्ति की प्रार्थना करना नहीं, बल्कि पूरे भारत में अच्छी बारिश, खेतों में हरियाली और सभी जीव-जंतुओं के लिए पर्याप्त जल की कामना करना भी है। किसानों के लिए पर्याप्त वर्षा को बेहद जरूरी बताते हुए श्रद्धालु भगवान शिव से अच्छी बारिश की प्रार्थना कर रहे हैं।

उन्होंने कहा कि पेड़-पौधों, किसानों, पशु-पक्षियों और समस्त जीव-जंतुओं के जीवन के लिए पानी अनिवार्य है। इसी भावना के साथ भगवान महादेव से वर्षा और जल संरक्षण के प्रति जागरूकता की प्रार्थना की जा रही है।

गौ माता के संरक्षण का भी संदेश

धार्मिक आयोजन के दौरान गौ माता के संरक्षण का संदेश भी दिया जा रहा है। कल्लू महाराज ने गौ माता को राष्ट्रीय पशु घोषित किए जाने की मांग को भी दोहराया। उनका कहना है कि गौवंश की सेवा और संरक्षण समाज की सामूहिक जिम्मेदारी है।

चार किलोमीटर की यात्रा के बाद होगा विसर्जन।

प्रतिदिन तैयार होने वाली शिव परिवार की मिट्टी की प्रतिमाओं को श्रद्धालु भक्ति भाव के साथ विसर्जन के लिए ले जाते हैं। लगभग चार किलोमीटर की यात्रा के बाद गिराज धरण मंदिर के पास स्थित तालाब में प्रतिमाओं का विसर्जन किया जाता है। यात्रा के दौरान श्रद्धालु भगवान शिव के जयकारे और ‘ॐ नमः शिवाय’ का जाप करते हुए आगे बढ़ते हैं।

कल्लू महाराज ने सावन के महीने में सभी शिव भक्तों से अधिक से अधिक संख्या में शामिल होकर भक्ति भाव से भगवान महादेव की आराधना करने की अपील की। उन्होंने कहा कि भक्ति में शक्ति है और शक्ति में भक्ति है। भगवान शिव की आराधना से मन को शांति और सकारात्मक ऊर्जा मिलती है।

इस आयोजन में दीपक तिवारी, दीपक लोधी, रोहित लोधी, जितेंद्र लोधी, मैथिली शरण गुप्ता, संदीप साहू, बल्लू साहू, नीरज लोधी, रामकुमार यादव, चंद्रशेखर गुप्ता, कैलाश गुप्ता, बुद्ध सिंह यादव और मंगल यादव सहित अनेक शिव भक्त श्रद्धा और उत्साह के साथ सहभागिता कर रहे हैं।

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